
होली से आठ दिन पहले होलाष्टक लग जाते है । यह इस बार 10 मार्च से लग जायँगे और होली के दिन तक होगा । सनातन धर्म में यह दिन अच्छे नही माने जाते है और इन दिनों में कोई भी शुभ काम नही किया जाता है । कहा जाता है इन दिन अगर कोई शुभ काम करो तो उसका फल नही मिलता है । इसलिए शादी विवाह सगाई नामकरण संस्कार ग्रह प्रवेश महूर्त और जो भी शुभ कार्य होते है उनको नही करना चाहिए ।
ये है कथा और मान्यता
कहते है कामदेव ने भगवान शिव की तपस्या इन दिनों ही भंग करने की कोशिश की थी और भगवान शिव ने गुस्से में कामदेव को फाल्गुन शुक्ल पक्ष की अष्ठमी तिथि को भस्म कर दिया था । तब कामदेव की पत्नी ने भगवान शिव की तपस्या की थी भगवान शिव ने कामदेव को फिर से जीवन दान दिया था जिस दिन कामदेव को जीवन दान मिला था वो धुलेंडी होली का दिन था । जो यह आठ दिन है इसमें कामदेव की पत्नी रति विरह की अग्नि में जली थी इसलिए इन आठ दिनों में कोई भी शुभ काम खास तौर पर शादी के विवाह महूर्त नही निकाले जाते है । दूसरी कथा के अनुसार होली से आठ दिन पहले प्रह्लाद को बहुत यातनाये दी गई थी जिसकी वजह से इन आठ दिन अच्छे नही माने जाते है यह दिन अशुभ कहे जाते है ।
होलाष्टक के पहले दिन जहाँ पर होली का जलाना है वहाँ गोबर की लिपाई की जाती है गंगाजल से उसको शुद्ध किया जाता है और होली के जलने की प्रतीक्षा की जाती है और जब होली जल जाती है बुराई का अन्त भी हो जाता है और सभी शुभ कामो के लिए महूर्त खुल जाते है ।
लेटेस्ट खबरें, इन्हें भी पढ़िए –
तैयार रहिए पेट्रोल डीजल को 12 रुपये तक बढ़े मूल्य पर खरीदने के लिए
बोर्ड के रंग को लेकर सियासत, भगवा, हरा और अब लाल
क्या संदेश देता है प्रधानमंत्री का रोड शो में योगी का ना होना
रोड शो के जरिए मोदी और अखिलेश आज वोटरों को साधने का करेंगे प्रयास
ममता दीदी ने आखिर नंदी के कान में क्या कहा…
सपा जनसभा : यूपी में खेला होबे….ममता बनर्जी
इस बार बनारस के लोग भारतीय जनता पार्टी के झूठ का रस निकालने का काम करेंगे
एक्शन में निर्वाचन अधिकारी, चार अधिकारियों संग उनकी पुलिस टीम निलंबित
अजय राय के बाद अब अरविंद राजभर का नम्बर, 150 लोगों पर मुकदमा
27 प्रत्याशियों को अपने आपराधिक पृष्ठभूमि का सार्वजनिक प्रकाशन न कराये जाने पर नोटिस जारी
वीडियो : किसने कहा योगी से ” हमने बोला हमसे मत उलझो .. वरना
धर्म नगरी : क्या होता है होली के पहले होलाष्टक …
काशी का वह पवित्र स्थान जहां भीम ने किया था तपस्या
मरने के 9 साल बाद पुनर्जन्म लेने वाले की सच्ची घटना
धर्म नगरी : जानिए, मृत्यु के पूर्व और पश्चात की सात अवस्था
धर्म नगरी : शनि दुश्मन नहीं मित्र हो सकते है, बशर्ते आपके द्वारा किये गए कर्म अच्छी सोच की हो …
धर्म नगरी : क्या है सत्यनारायण व्रत कथा महत्व, विधि और फल प्राप्ति
वीडियो खबरें
– पीएम रोड शो के बाद बाबा विश्वनाथ दरबार में
देखिये, बाबा विश्वनाथ का स्वर्णमयी गर्भ गृह
– भजनों का सागर , हंसराज रघुवंशी संग
– योगी को ओमप्रकाश राजभर का चैलेंज सुनिये